एक समय नारद जी ने भगवान श्रीविष्णु से पूछा - हे भगवन ! माता दुर्गा को किसी दिन विशेष को प्रसाद चढाने का भी कोई विधि विधान है , क्या ? किस तरह के खास प्रसाद से कौन से विशेष फल मिलते हैं ? नारद के प्रश्न पर भगवान विष्णु ने बताया - हे नारद ! मां जगद्म्बा की पूजा के लिए हर तिथि , हर वार और हर नक्षत्र का अलग अलग विधान है . इसको समझ कर पूजा की जाए तो मां प्रसन्न होती हैं . वैसे तो माँ भक्तों द्वारा भावपूर्वक अर्पित हर प्रसाद को स्वीकार करती हैं , फिर भी तिथिवार कुछ प्रसादों का विधान है जिसे अर्पण करने से वह विशेष प्रसन्न होती हैं . पक्ष की 15 तिथियों में किस दिन क्या अर्पित करें - प्रतिपदा या पहली तिथि को मां की पूजा गाय के घी से करनी चाहिए और इस घी को ब्राह्मण को दान कर देना चाहिए . इससे पूजा करने वाला कभी रोगी नहीं होता . द्वितीया को चीनी का भोग लगाएं . इससे आयु बढ़ती है . तृतीया को माता के प्रसाद में दूध और दूध से बनी चीजें अर्पित करनी ...